July 14, 2024

ख़बरे टीवी – राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत जिला के 300 गांव में दुधारू पशुओं का किया जा रहा है कृत्रिम गर्भाधान

राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत जिला के 300 गांव में दुधारू पशुओं का किया जा रहा है कृत्रिम गर्भाधान

केंद्र सरकार द्वारा प्रायोजित राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत नालंदा जिला के 300 चयनित गांव में दुधारू मवेशियों का प्रजनन कृत्रिम गर्भाधान तकनीक के माध्यम से किया जा रहा है।
सभी चयनित गांव में कुल 20 हजार दुधारू मवेशियों के कृत्रिम गर्भाधान का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
यह योजना सितंबर 2019 से चल रही है। अब तक 2070 दुधारू मवेशियों का कृत्रिम गर्भाधान किया जा चुका है। मार्च 2020 तक लक्ष्य की प्राप्ति की जानी है।
इसकी समीक्षा के लिए कल जिला पदाधिकारी ने देर शाम कॉम्फेड एवं जिला पशुपालन पदाधिकारी के साथ बैठक की।
उन्होंने अब तक की प्रगति पर असंतोष व्यक्त करते हुए शेष समय में लक्ष्य की प्राप्ति के लिए हर संभव कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
इस योजना का क्रियान्वयन कॉम्फेड के माध्यम से दूध उत्पादन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से किया जा रहा है। इस कार्य के लिए कॉमफेड द्वारा 35 एआई वर्कर को लगाया गया है।यह सुविधा नि:शुल्क पशुपालकों को दी जा रही है।
जिला पदाधिकारी ने इस माह के अंतिम सप्ताह में तीनों अनुमंडल में अलग अलग बैठक कर इस योजना के क्रियान्वयन में तेजी लाने का निर्देश दिया। अनुमंडल स्तर पर अनुमंडल पदाधिकारी इस बैठक में कार्य प्रगति की समीक्षा करेंगे। बैठक में सभी एआई वर्कर, अनुमंडल के सभी पशु चिकित्सा पदाधिकारी एवं जनप्रतिनिधि को शामिल करने का निर्देश जिला पदाधिकारी ने दिया।
सभी मवेशियों को एआई (आर्टिफिशियल इनसेमिनेशन/ कृत्रिम गर्भाधान) करने के उपरांत कान में बारकोडेड टैग भी लगाया जाता है।
जिला पदाधिकारी ने जिला पशुपालन पदाधिकारी को निर्धारित समय सीमा के अंतर्गत लक्ष्य की प्राप्ति के लिए कार्रवाई सुनिश्चित करने का निदेश दिया।
बैठक में सभी अनुमंडल पदाधिकारी, जिला पशुपालन पदाधिकारी, कॉमफेड प्रभारी डॉक्टर सिकंदर यादव, सहायक निदेशक पशु विकास योजना नालंदा डॉ राजीव कुमार सिन्हा सहित पशुपालन विभाग के अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।