• Sat. Dec 6th, 2025

@बिहार:पटना, नालन्दा एवं नवादा में स्नातक वोटरों को जागरूक करने को लेकर, बिहार शरीफ के स्नातक अधिकार मंच के संयोजक दिलीप कुमार के द्वारा अपील..

Bykhabretv-raj

Oct 13, 2025

 

 

 

 

 

नालंदा, पटना एवं नवादा में स्नातक वोटरों को जागरूक करने को लेकर, बिहार शरीफ के स्नातक अधिकार मंच के संयोजक दिलीप कुमार के द्वारा अपील..

 

 

 

 

 

 

ख़बरें टी वी : पिछले 15 वर्षो से ख़बर में सर्वश्रेष्ठ.. ख़बरें टी वी ” आप सब की आवाज ” …आप या आपके आसपास की खबरों के लिए हमारे इस नंबर पर खबर को व्हाट्सएप पर शेयर करें… ई. शिव कुमार, “ई. राज” -9334598481.

.. हमारी मुहिम .. नशा मुक्त हर घर .. बच्चे और नवयुवक ड्रग्स छोड़ें .. जीवन बचाएं, जीवन अनमोल है .. नशा करने वाले संगति से बचे ..

… हमारे प्लेटफार्म पर गूगल द्वारा प्रसारित विज्ञापन का हमारे चैनल के द्वारा कोई निजी परामर्श नहीं है, वह स्वतः प्रसारित होता है …

 

 

 

 

@ख़बरें Tv: आज दिनांक 13 अक्टूबर 2025 को बिहार शरीफ के स्नातक अधिकार मंच के कार्यालय रामचंद्रपुर में मंच के संयोजक दिलीप कुमार के द्वारा संवाददाता प्रेसवार्ता का आयोजन किया गया। प्रेस को संबोधित करते हुए दिलीप कुमार ने बताया कि स्नातक पास हुए पढ़े लिखे लोगों के मताधिकार का प्रयोग से उनका एक प्रतिनिधि विधान परिषद में बैठते हैं , जिन्हें स्नातक विधान पार्षद कहा जाता है यह चुनाव प्रत्येक 6 वर्षों के बाद होता है यह चुनाव सरकार द्वारा बनाए वोटरों से नहीं अपितु स्नातक किए हुए या उसके समक्ष प्राप्त डिग्रीधारियों के द्वारा स्वयं प्रखंडों जिला एवं कमिश्नरी में जाकर फॉर्म भरकर बनाए गए, वोटों के आधार पर चुनाव होता है। सन 2026 में होने वाले स्नातक चुनाव के लिए भी स्नातक वोटर बनाने का प्रक्रिया 30 सितंबर से ही शुरू हो चुकी है जो 6 नवंबर 2025 को समाप्त हो जाएगी। जिसकी सूचना समाचार पत्रों के माध्यम से प्रकाशित भी की जा चुकी है। बावजूद इसके कहीं भी किसी भी प्रखंड कार्यालय में अभी तक स्नातक बनने का कोई फॉर्म या कोई काउंटर उपलब्ध नहीं है। सन 2026 में चार राज्यों में यह चुनाव होना है जिसमें बिहार कर्नाटक मुंबई एवं उत्तर प्रदेश में होना है लेकिन बिहार का वोट बनने की चुनावी प्रक्रिया अभी नहीं होनी चाहिए थी, चुकी बिहार में अभी इसी महीने बिहार विधानसभा का भी चुनाव चल रहा है। ऐसी स्थिति में वोटर बनवाने का कार्य नहीं किया जाना चाहिए था। यह जानबूझकर वोटर नहीं बनने की प्रक्रिया का एक जीता जागता उदाहरण है। स्नातक वोटरों को जागरूक करना सरकार का काम है , लेकिन अभी इस चुनाव के दौर में निर्वाचन आयोग के द्वारा स्नातक वोटरों पर कोई ध्यान नहीं दिया जाना यह निर्वाचन आयोग की निष्क्रियता को दर्शाता है। मंच के संयोजक दिलीप कुमार ने बताया कि स्नातक अधिकार मंच पूर्व में भी पटना, नालंदा, नवादा जिलों के साथ-साथ पूरे बिहार में स्नातकों को जागरूक करने का कार्य सन 2020 में किया था जिसके चलते पूर्व की भांति काफी अधिक संख्या में स्नातक मतदाता बने थे। सन 2025 के अक्टूबर माह के प्रारंभ से ही मंच के द्वारा तीनों जिले क्रमशः नालंदा पटना एवं नवादा में स्नातक वोटरों को जागरूक करने का कार्य किया जा रहा है। अतः अंत में मंच के संयोजक दिलीप कुमार ने मीडिया के माध्यम से सभी स्नातकों को वोटर बनने की अपील करते हुए कहा कि निर्वाचन रजिस्ट्रीकरण नियम 1960 भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी प्रारूप 18 फॉर्म को भरकर अपने-अपने प्रखंड कार्यालयों में जाकर जमा करने की अपील करते हुए कहा कि मंच का नारा आज भी लोगों को याद है कि “मैं भी स्नातक वोट मेरा अधिकार” एवं “एक भी स्नातक छूटे नहीं वोट देने से चुके नहीं” यह नारा पूरे प्रदेश में जोर-शोर से प्रचलित हुआ था।